Tag Archives: पाप

Immorality Quotes in Hindi – Sufalta

कोई भी कर्मा अपने आप पाप अथवा पुण्य न्ही हो सकता ठीक जिस प्रकार बिंदु या शून्य का स्वतः कोई मूल्य नही होता। स्वामी राम तीर्थ पाप एक प्रकार का अंधेरा है जो ज्ञान के प्रकाश हेते ही मिट जाता है. राजा ज़िमान इश्स भ्र्म मे मत रहो की पाप प्रारब्ध से होते है पाप …